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डीडीए आवास योजना 2017:बढ़ सकती है आवेदन की अंतिम तारीख ।

31, July, 2017


नई दिल्ली: डीडीए हाउसिंग स्कीम के लिए कम रिस्पॉन्स की वजह से अब डीडीए भी ड्रॉ की तिथि को लेकर चिंता में है। फिलहाल अधिकारी इस पर खुलकर कुछ भी कहने को तैयार नहीं हैं। अधिकारियों के अनुसार आखिरी हफ्ता इस स्कीम का रिस्पॉन्स तय करेगा। डीडीए हाउसिंग के प्रिंसिपल कमिनश्नर जेपी अग्रवाल ने कहा, 'अंतिम हफ्ते पर सब निर्भर है। स्कीम के अंतिम दिन यानी 11 अगस्त को हम समीक्षा करेंगे और उसके बाद ही किसी फैसले पर पहुंचेंगे।'

LIG फ्लैट्स में नहीं दिख रही दिलचस्पी
यह स्कीम 30 जून को लॉन्च हुई थी। अब तक 5,000 रजिस्ट्रेशन ही हुए हैं। बताया जा रहा है कि एचआईजी और एमआईजी के लिए काफी रजिस्ट्रेशन हो चुके हैं। दिक्कत सिर्फ एलआईजी फ्लैट्स में हैं। इस स्कीम में 12,072 फ्लैट्स उतारे गए हैं। इनमें से ज्यादातर पुराने ही हैं। इनमें एचआईजी के 87, एमआईजी के 404, एलआईजी के 11,197 और जनता फ्लैट्स 384 शामिल हैं। डीडीए के अनुसार एचआईजी और एमआईजी के लिए 500 से अधिक आवेदन मिल चुके हैं। इन दोनों को मिलाकर 491 फ्लैट्स उतारे हैं। बाकी आवेदन एलआईजी और जनता के लिए हैं। इनकी संख्या फ्लैट्स के मुकाबले काफी है।

आगे बढ़ सकती है ड्रॉ की तारीख

                                                                                                                                                                                                                                                                                        डीडीए के अनुसार, अगर अंतिम दिन फ्लैट्स से कम आवेदन होते हैं तो डीडीए ड्रॉ को करीब 15 दिन आगे बढ़ा सकती है। इसमें भी यह देखना होगा कि पूरी स्कीम की तिथि बढ़ाई जाए या फिर सिर्फ एलआईजी और जनता फ्लैट्स के लिए। स्कीम की तारीख आगे बढ़ती है तो उन लोगों में नाराजगी बढ़ सकती है जो अपना रजिस्ट्रेशन करवा चुके हैं। वे रजिस्ट्रेशन के लिए 1 लाख और 2 लाख रुपये जमा करा चुके हैं। ऐसे में पूरी स्कीम को आगे बढ़ा देना भी डीडीए के लिए काफी मुश्किल का काम होगा।

DDA: प्राइवेट बिल्डरों से आगे हैं फ्लैट्स 
वहीं कम रिस्पॉन्स की वजह डीडीए बैंकों के रजिस्ट्रेशन मनी के लिए आगे न आने के साथ नोटबंदी, रियल इस्टेट मार्केट में मंदी, आदि को मान रहे हैं। डीडीए के अनुसार हमारे फ्लैट्स मजबूती में प्राइवेट बिल्डरों से काफी आगे हैं। हमारे फ्लैट्स भूकंप रोधी हैं। बाजार से सस्ती कीमतों में उपलब्ध हैं। फ्लैट्स में लीकेज की कोई समस्या नहीं है। इनमें ग्रीन तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। पार्क, आदि की सुविधा है और शहर से दूर होने की वजह से यहां प्रदूषण भी काफी कम है।

 

Source: navbharattimes.indiatimes.com


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